Friday, July 17, 2026
English edition
PublicAxis PublicAxis

Balance. Truth. Perspective

World

सेशेल्स में पीएम मोदी की ऐतिहासिक यात्रा, दुनिया के सबसे बुजुर्ग जीव से होंगे रूबरू

June 27, 2026 Source: Public-Axis

सेशेल्स में पीएम मोदी की ऐतिहासिक यात्रा, दुनिया के सबसे बुजुर्ग जीव से होंगे रूबरू
सेशेल्स में पीएम मोदी की ऐतिहासिक यात्रा, दुनिया के सबसे बुजुर्ग जीव से होंगे रूबरू
सेशेल्स में पीएम मोदी की ऐतिहासिक यात्रा, दुनिया के सबसे बुजुर्ग जीव से होंगे रूबरू

1 / 3

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज से तीन दिवसीय राजकीय यात्रा पर सेशेल्स पहुंचे हैं, जहां वह देश के राष्ट्रीय दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इस बार का आयोजन खास इसलिए भी है क्योंकि सेशेल्स अपनी आजादी की 50वीं वर्षगांठ मना रहा है। इस यात्रा का सबसे दिलचस्प पल तब होगा, जब प्रधानमंत्री दुनिया के सबसे उम्रदराज जीवित स्थलीय जीव माने जाने वाले विशालकाय कछुए **'जोनाथन'** से मुलाकात करेंगे। एल्डाब्रा प्रजाति के इस कछुए की अनुमानित उम्र करीब 194 वर्ष बताई जाती है। सेशेल्स रवाना होने से पहले प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि उन्हें राष्ट्रीय दिवस समारोह में शामिल होने और भारत-सेशेल्स के 50 वर्षों पुराने राजनयिक संबंधों का जश्न मनाने का अवसर मिलने पर खुशी है। उन्होंने सेशेल्स को भारत का महत्वपूर्ण समुद्री पड़ोसी और **MAHASAGAR** विजन का अहम साझेदार बताया। उन्होंने राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी से मुलाकात, नेशनल असेंबली को संबोधित करने और भारतीय समुदाय से मिलने की भी बात कही। दौरे के दौरान प्रधानमंत्री सेशेल्स के नेशनल बॉटनिकल गार्डन में वृक्षारोपण कार्यक्रम में भाग लेंगे, जो जैव विविधता संरक्षण और जलवायु परिवर्तन से निपटने की साझा प्रतिबद्धता का प्रतीक होगा। इसके अलावा वह सेशेल्स कोस्ट गार्ड बेस का दौरा करेंगे और समुद्री सुरक्षा, रक्षा सहयोग तथा क्षेत्रीय स्थिरता जैसे अहम मुद्दों पर राष्ट्रपति हर्मिनी के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स के अनुसार, **जोनाथन** दुनिया का सबसे बुजुर्ग जीवित स्थलीय जीव माना जाता है। माना जाता है कि उसका जन्म लगभग 1832 में हुआ था, यानी उस समय महारानी विक्टोरिया भी ब्रिटिश सिंहासन पर नहीं बैठी थीं और महात्मा गांधी का जन्म भी नहीं हुआ था। प्रधानमंत्री मोदी की यह मुलाकात इस ऐतिहासिक यात्रा का सबसे आकर्षक और यादगार हिस्सा मानी जा रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस दौरे से भारत और सेशेल्स के बीच रणनीतिक, आर्थिक और समुद्री सहयोग को नई मजबूती मिलेगी।